Rajesh Mohan Sahay : News Editor (Ranchi)
सीबीआई ने सात आरोपितों को किया गिरफ्तार, रांची जेल भेजा
रांची/गिद्दी: गिद्दी सी परियोजना में कोयला उठाव के एवज में अवैध वसूली और भ्रष्टाचार के मामले में सीबीआई ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सात लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपितों में सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (CCL) के तीन कर्मचारी, तीन कोयला व्यापारी और एक लोकल सेल संचालन से जुड़ा व्यक्ति शामिल है।
गिरफ्तार आरोपितों में गिद्दी सी परियोजना के तत्कालीन सुरक्षा पदाधिकारी सह डिस्पैच ऑफिसर अनिल कुमार, लोकल सेल कार्यालय कर्मी दीपक कुमार, सुरक्षा कर्मी नरेश कुमार, कोयला व्यापारी मो. तबारक, सद्दाम अंसारी, अरुण लाल, और लोकल सेल संचालन से जुड़े इसराइल अंसारी शामिल हैं। सीबीआई ने सभी सातों आरोपितों को मंगलवार को रांची जेल भेज दिया है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा, रांची ने इस घोटाले की जांच शुरू की थी। बताया जाता है कि 26 फरवरी को सीबीआई और सीसीएल विजिलेंस टीम ने गिद्दी सी परियोजना में संचालित लोकल सेल की औचक जांच की थी। जांच के दौरान डिजिटल लेन-देन के साक्ष्य मिले, जिसके बाद अधिकारियों ने सेल से जुड़े कर्मियों और व्यापारियों के मोबाइल फोन खंगाले। इसमें कई संदिग्ध ऑनलाइन लेन-देन के प्रमाण मिले।
इन साक्ष्यों के आधार पर 20 जून को सीबीआई ने प्राथमिकी दर्ज की थी, जिसमें अनिल कुमार, दीपक कुमार, नरेश कुमार, मो. तबारक, अरुण लाल, सद्दाम अंसारी, इसराइल अंसारी और अजय दास को आरोपित बनाया गया। इसके बाद 24 जून को सीबीआई ने सभी आठों आरोपितों के आवासों पर छापेमारी की थी। तलाशी के दौरान बैंक पासबुक, मोबाइल, डिवाइस, लैपटॉप आदि जब्त किए गए थे।
सीबीआई ने लगातार आरोपितों से पूछताछ की और पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद सात आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। सूत्रों के अनुसार, जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में और लोगों पर कार्रवाई हो सकती है।
बताते चलें कि इससे पहले भी 15 जुलाई को सीबीआई ने गिद्दी परियोजना में अवैध कोयला उठाव और वसूली मामले में प्रबंधक अयोध्या करामली, क्लर्क मुकेश कुमार, प्रकाश महली और कोल लिफ्टर विजय सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
सीबीआई के अनुसार, अरगड़ा प्रक्षेत्र में कोयला उठाव से जुड़े भ्रष्टाचार और अवैध वसूली के मामलों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है और जो भी व्यक्ति जांच के दायरे में आएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
