Anjaan Jee : Editor in Chief & Publisher
बोकारो, 23 फरवरी 2026। झारखंड के बोकारो जिले में नगरपालिका निर्वाचन 2026 के तहत चास नगर निगम और फुसरो नगर परिषद में मतदान तो संपन्न हो गया, लेकिन शहरी मतदाताओं की उदासीनता और कई स्थानों पर हुए हंगामों ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। शाम 7 बजे तक प्राप्त आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार चास नगर निगम में 50.83% और फुसरो नगर परिषद में 58.37% मतदान दर्ज किया गया।
जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त अजय नाथ झा ने मतदान प्रतिशत को लेकर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए शहरी और शिक्षित वर्ग की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। वर्ष 2015 में चास में 53.30% मतदान हुआ था, जबकि इस बार गिरावट की आशंका ने प्रशासन को सोचने पर मजबूर कर दिया है।

हिंसा और हंगामे से दागदार हुआ मतदान
मतदान के दौरान कुछ स्थानों पर स्थिति तनावपूर्ण रही।
- वार्ड 12 (भोजपुर कॉलोनी) में कथित फर्जी वोटिंग को लेकर बवाल
- तीन संदिग्ध महिलाओं को हिरासत में लिया गया
- भीड़ को नियंत्रित करने के लिए हल्का लाठीचार्ज
- वार्ड 32 में एसडीपीओ प्रवीण कुमार सिंह पर हमला, नाक में चोट
- मुख्य आरोपी को मौके से गिरफ्तार किया गया
एसपी हरविंदर सिंह ने स्पष्ट किया कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया में बाधा डालने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
मतगणना की तैयारी पूरी
मतपेटियों को चास स्थित बाजार समिति प्रांगण में बनाए गए मतगणना केंद्र में सुरक्षित रखा गया है। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। 27 मई को मतगणना के साथ प्रत्याशियों की किस्मत का फैसला होगा।
मुख्य तथ्य:
- कुल 201 मतदान केंद्र
- चास नगर निगम: 136
- फुसरो नगर परिषद: 65
- कई केंद्र संवेदनशील व अति संवेदनशील घोषित
- अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती
उत्साह की मिसाल: बुजुर्ग और दिव्यांग भी पहुंचे बूथ
कम मतदान प्रतिशत के बीच कई प्रेरक तस्वीरें भी सामने आईं।
- 80 वर्ष से अधिक आयु के मतदाताओं के लिए टोटो (ई-रिक्शा) सुविधा
- दिव्यांग और गर्भवती महिलाओं के लिए विशेष प्रबंध
- लाठी और व्हीलचेयर के सहारे मतदान केंद्र पहुंचे मतदाता
“पहले मतदान, फिर जलपान” की भावना के साथ लोगों ने जिम्मेदारी निभाई।

बाजार बंद, सड़कों पर सन्नाटा
चुनाव के मद्देनजर चास का मुख्य बाजार पूरी तरह बंद रहा। गरगा पुल समेत 11 सीमावर्ती मार्गों को सील किया गया। इससे आम लोगों को जाम और असुविधा का सामना करना पड़ा।
मतदाता सूची में गड़बड़ी की शिकायत
कुछ मतदाताओं ने ऑनलाइन सूची में नाम होने के बावजूद बूथ पर नाम नहीं मिलने की शिकायत की। मेयर और वार्ड पार्षद के लिए अलग-अलग बैलेट पेपर होने से भी मतदान प्रक्रिया में विलंब की चर्चा रही।
चुनावी समीकरण और अटकलें तेज
चास के 35 वार्डों के पार्षदों सहित मेयर पद के 31 उम्मीदवारों की किस्मत अब मतपेटियों में कैद है। मतदान के बाद राजनीतिक हलकों में अटकलों का दौर शुरू हो गया है, जिसका पटाक्षेप मतगणना के दिन होगा।
