Anjaan Jee : Editor in Chief & Publisher
बोकारो | 25 फरवरी 2026
गोमिया प्रखंड के लुगुबुरु पहाड़ क्षेत्र में हाथियों के एक विशाल झुंड की सक्रियता ने आसपास के गांवों में चिंता बढ़ा दी है। वन विभाग और स्थानीय प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए 15 गांवों के लिए हाई अलर्ट जारी किया है। आशंका जताई जा रही है कि झुंड किसी भी समय पहाड़ से उतरकर रिहायशी इलाकों की ओर बढ़ सकता है।
वन प्रमंडल पदाधिकारी संदीप शिन्दे के अनुसार जिन गांवों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है, उनमें चोरगावा, मुरपा, खाखंडा, गंगपुर, बेलडीह, तुलबुल, पिंडरा, टुटीझरना, डाकासाडम, सेहेदा, तिलैया, नारण, लावालोंग, अंबाडीह और केरी शामिल हैं। इन गांवों की सीमाएं सीधे पहाड़ी क्षेत्र से जुड़ी हैं, जिससे मानव-हाथी टकराव की संभावना अधिक है।
ग्रामीणों के लिए सुरक्षा दिशा-निर्देश
वन विभाग ने संभावित खतरे को देखते हुए कई अहम निर्देश जारी किए हैं:
- हाथी दिखने पर तुरंत पक्के मकान या उसकी छत पर शरण लें
- सूर्यास्त के बाद घर से बाहर निकलने से बचें
- हाथियों को उकसाने, नजदीक जाने या सेल्फी लेने से परहेज करें
- अनाज व खाद्य सामग्री सुरक्षित रखें, लेकिन जान बचाना प्राथमिकता हो
- किसी भी गतिविधि की सूचना तुरंत वन विभाग को दें
विशेषज्ञों के अनुसार हाथी अंधेरे में तेज गति से चलते हैं और शांत दिखाई देने के बावजूद अचानक आक्रामक हो सकते हैं।
मुआवजा देने का आश्वासन
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि हाथियों के कारण फसल या मकान को नुकसान पहुंचता है, तो सरकारी प्रावधानों के तहत त्वरित मुआवजा दिया जाएगा। विभाग की टीम लगातार क्षेत्र की निगरानी कर रही है और ग्रामीणों से सहयोग की अपील की गई है।
दहशत के बीच सतर्कता जरूरी
हाथियों की मौजूदगी से क्षेत्र में दहशत का माहौल है, लेकिन प्रशासन ने लोगों से संयम बनाए रखने की अपील की है। स्थानीय स्तर पर माइकिंग और जागरूकता अभियान के जरिए लोगों को सतर्क किया जा रहा है।
वन विभाग का कहना है कि सावधानी और सामूहिक सतर्कता से किसी भी बड़ी घटना को टाला जा सकता है।
