Anjaan Jee : Editor in Chief & Publisher
रांची, 24 मार्च 2026
Central Coalfields Limited (सीसीएल) मुख्यालय स्थित सभागार में राजभाषा हिंदी के प्रभावी कार्यान्वयन एवं संवैधानिक अनुपालन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से एकदिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। ‘राजभाषा कार्यान्वयन संबंधी नीति’ विषय पर आधारित इस कार्यशाला का आयोजन मानव संसाधन विभाग एवं राजभाषा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।
कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि M. F. Haq, महाप्रबंधक (मानव संसाधन) द्वारा किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि राजभाषा हिंदी का प्रयोग केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि संवैधानिक जिम्मेदारी है और इसे कार्य-संस्कृति का अभिन्न हिस्सा बनाया जाना चाहिए।
कार्यशाला के मुख्य वक्ता Divik Ramesh (डॉ. दिविक दिवेश) ने प्रतिभागियों को राजभाषा अधिनियम की धारा 3(3), संविधान के अनुच्छेद 343 तथा संसदीय राजभाषा समिति से जुड़े प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने तिमाही प्रगति रिपोर्ट के सही संधारण और तकनीकी एवं विधिक शब्दावली के सरल हिंदी प्रयोग पर विशेष जोर दिया।
उन्होंने नोडल अधिकारियों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि कार्यालयों में टिप्पणी (Noting) और आलेखन (Drafting) का कार्य अनिवार्य रूप से हिंदी में किया जाना चाहिए, तभी राजभाषा का वास्तविक क्रियान्वयन संभव है।
कार्यशाला में राजभाषा प्रोत्साहन पुरस्कार योजनाओं की भी जानकारी दी गई, जिससे कर्मचारियों को अधिकाधिक हिंदी में कार्य करने के लिए प्रेरित किया जा सके।
इस अवसर पर विभिन्न विभागों के राजभाषा नोडल अधिकारी एवं सहायक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन भविष्य में शत-प्रतिशत राजभाषा अनुपालन सुनिश्चित करने के संकल्प के साथ हुआ।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्री विकास सिंह, श्री सी.एस.पी. सिंह, श्री जे.बी.आर. कुजूर, श्री राजेश कुमार एवं श्री कुमार अविनाश की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
