-संतोष श्रीवास्तव की रिपोर्ट
पीएफ कमिश्नर की निष्क्रियता पर भड़का ऑफिसर्स एसोसिएशन, कड़ी कानूनी कार्रवाई की दी चेतावनी
रांची, 23 सितंबर 2026। हैवी इंजीनियरिंग कॉर्पोरेशन (एचईसी) रांची में कर्मचारियों के भविष्य निधि (पीएफ) का 300 करोड़ रुपये से अधिक बकाया होने का गंभीर मामला सामने आया है। एचईसी ऑफिसर्स एसोसिएशन के अनुसार, प्रबंधन द्वारा जनवरी 2021 से कर्मचारियों के वेतन से काटा गया पीएफ अंशदान और अप्रैल 2022 से नियोक्ता का अनिवार्य योगदान कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) खाते में जमा नहीं कराया गया है।
इस वित्तीय अनियमितता के कारण संस्थान से प्रतिमाह सेवानिवृत्त होने वाले और त्यागपत्र देने वाले कर्मचारियों व अधिकारियों को उनके पीएफ की गाढ़ी कमाई नहीं मिल पा रही है, जिससे उनके समक्ष गंभीर आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है। एसोसिएशन ने बताया कि सीएमडी, भारी उद्योग मंत्रालय, क्षेत्रीय पीएफ कमिश्नर रांची और केंद्रीय पीएफ कमिश्नर को लगातार पत्राचार के माध्यम से इस स्थिति से अवगत कराया जाता रहा है।
कर्मचारियों की सैलरी स्लिप और बैंक स्टेटमेंट के साक्ष्य 8 जून 2026 को ही क्षेत्रीय पीएफ कार्यालय को सौंपे जा चुके हैं। वेतन से कटौती के बावजूद राशि ईपीएफ खाते में जमा न करना कानूनी रूप से गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। एचईसी ऑफिसर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रेम शंकर पासवान ने पीएफ कमिश्नर की निष्क्रियता पर गहरा रोष व्यक्त करते हुए चेतावनी दी है कि यदि प्रबंधन से यह बकाया राशि वसूलने के लिए अविलंब ठोस व प्रभावी कदम नहीं उठाए गए, तो एसोसिएशन अपने अधिकारों की रक्षा हेतु न्यायालय की शरण लेकर कड़ी कानूनी कार्रवाई करने के लिए बाध्य होगी।
