– एस०एन०चतुर्वेदी की रिपोर्ट
जनकल्याणकारी योजनाओं, बाढ़ तैयारी और राजस्व कार्यों की समीक्षा; लापरवाही पर कार्रवाई के निर्देश
पटना/मुजफ्फरपुर, 24 जुलाई : मुजफ्फरपुर के जिलाधिकारी कुमार गौरव ने गुरुवार को मुसहरी प्रखंड सह अंचल का व्यापक निरीक्षण कर जनकल्याणकारी एवं विकास योजनाओं के क्रियान्वयन, प्रशासनिक व्यवस्था और संभावित बाढ़ आपदा की तैयारियों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करने, आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने तथा सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए स्पष्ट निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने लोगों की शिकायतें भी सुनीं और उनके त्वरित समाधान का आश्वासन दिया।
जिलाधिकारी ने प्रखंड सह अंचल कार्यालय में अधिकारियों एवं कर्मियों की उपस्थिति, कार्य निष्पादन और जनहित से जुड़े मामलों की समीक्षा करते हुए प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, सीडीपीओ एवं प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी को सभी कर्मियों की बायोमेट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि बायोमेट्रिक उपस्थिति के आधार पर ही नियमानुसार वेतन भुगतान किया जाए तथा कार्यालयों में अनुशासन बनाए रखा जाए। साथ ही सभी कर्मियों को प्रखंड मुख्यालय में उपस्थित रहकर समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण ढंग से सरकारी कार्यों के निष्पादन की हिदायत दी।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि आम जनता से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी लोगों को समय पर सेवाएं उपलब्ध कराना है और इसके लिए सभी अधिकारियों को जवाबदेही के साथ कार्य करना होगा।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने संभावित बाढ़ आपदा की तैयारियों की भी विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों को ध्यान में रखते हुए राहत शिविरों की स्थापना, सामुदायिक किचेन, नावों की उपलब्धता, गोताखोरों की सूची, मेडिकल टीमों की तैनाती तथा अन्य आवश्यक संसाधनों की तैयारी पहले से पूरी कर ली जाए। उन्होंने नियमित समीक्षा और समय-समय पर तैयारियों के सत्यापन पर भी जोर देते हुए कहा कि किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार रहना चाहिए।
जिलाधिकारी ने आपदा प्रबंधन से जुड़े सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार कार्य करने तथा संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर राहत एवं बचाव कार्य तत्काल शुरू किए जा सकें, इसके लिए सभी व्यवस्थाएं अद्यतन रहनी चाहिए।
म्यूटेशन एवं परिमार्जन कार्यों की पंचायतवार समीक्षा के दौरान अब्दुल नगर उर्फ माधोपुर, शहरी वार्ड संख्या-29 तथा मणिका विशुनपुर चांद पंचायतों के संबंधित राजस्व कर्मचारियों का प्रदर्शन सबसे कम पाया गया। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित राजस्व कर्मचारियों का वेतन तत्काल प्रभाव से स्थगित करने तथा उनसे स्पष्टीकरण प्राप्त करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि राजस्व मामलों के निष्पादन में किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने लंबित म्यूटेशन एवं परिमार्जन आवेदनों के शीघ्र निस्तारण के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्देश देते हुए कहा कि सभी लंबित मामलों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित किया जाए, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत व्यक्तिगत घरेलू शौचालय निर्माण की समीक्षा करते हुए उन्होंने लाभुकों को शीघ्र भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, ताकि निर्माण कार्य में तेजी लाई जा सके। साथ ही नए सोखता निर्माण कार्यों को भी प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों एवं कर्मियों को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में गति और गुणवत्ता दोनों सुनिश्चित करने, सभी लंबित कार्यों का निर्धारित समय-सीमा के भीतर निष्पादन करने तथा नियमित प्रगति प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।

