– एस०एन०चतुर्वेदी की रिपोर्ट
जिलाधिकारी अलंकृता पांडेय ने विद्यार्थियों को दी सफलता की सीख, निदेशक प्रो. मधुसूदन सिंह ने नवाचार और शोध पर दिया ज़ोर
भागलपुर, 25 अगस्त। भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (IIIT) भागलपुर में नवप्रवेशित बी.टेक. (2026-2030) बैच के विद्यार्थियों के लिए सोमवार को अभिमुखीकरण-सह-प्रेरण कार्यक्रम का आयोजन उत्साहपूर्ण वातावरण में किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नवागत छात्रों को संस्थान के शैक्षणिक माहौल, नियमों, परिसर जीवन और उपलब्ध अवसरों से अवगत कराना था। कार्यक्रम की शुरुआत वंदे मातरम्, राष्ट्रगान और अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भागलपुर की जिलाधिकारी अलंकृता पांडेय (IAS) उपस्थित रहीं। उन्होंने अपने बी.टेक. दिनों के अनुभवों को साझा करते हुए छात्रों से कहा कि सफलता केवल शैक्षणिक अंकपत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि सही निर्णय लेने और नैतिक मूल्यों को विकसित करने में निहित है। विशिष्ट अतिथि बीसीई के प्राचार्य डॉ. बिमलेश कुमार और एनटीपीसी कहलगांव के प्रोजेक्ट हेड रविंद्र कुमार शर्मा ने भी छात्रों को उद्योग की ज़रूरतों और व्यावसायिक दक्षता के प्रति मार्गदर्शन प्रदान किया।
संस्थान के निदेशक प्रो. मधुसूदन सिंह ने नवागत विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि यह प्रवेश नवाचार, अनुसंधान और व्यक्तिगत विकास की नई यात्रा की शुरुआत है। उन्होंने विद्यार्थियों से कक्षा-कक्ष की पढ़ाई के अलावा प्रयोगशालाओं, शोध परियोजनाओं और पाठ्येतर गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में एसोसिएट डीन (शैक्षणिक) डॉ. हिमाद्रि नायक ने शैक्षणिक नियमों एवं अध्यादेशों की जानकारी दी, जबकि कुलसचिव एवं एसोसिएट डीन (छात्र कल्याण) डॉ. धीरज कुमार सिन्हा ने छात्र सुविधाओं, छात्र बोर्डों और वित्तीय सहायता प्रणालियों पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर बड़ी संख्या में संकाय सदस्य, कर्मचारी, नवागत छात्र और उनके अभिभावक मौजूद रहे।

