-एस०एन०चतुर्वेदी की रिपोर्ट
उद्यमी योजना की किस्तों के अंतर को पाटने के निर्देश, होटल व प्रतिष्ठानों में बाल श्रमिकों के लिए चलेगा धावा दल
सिवान, 23 सितंबर: समाहरणालय स्थित संवाद कक्ष में जिलाधिकारी विजय प्रकाश मीणा की अध्यक्षता में जिला उद्योग केंद्र, जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र (DRCC), श्रम संसाधन विभाग तथा निबंधन विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिले में औद्योगिक विकास, निवेश प्रोत्साहन, स्वरोजगार और युवाओं के कौशल विकास से जुड़ी प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति का विस्तृत जायजा लिया गया।
जिला उद्योग केंद्र की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना (PMFME) के तहत स्वीकृत सभी आवेदनों में ऋण वितरण कार्य शीघ्र पूरा करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री उद्यमी योजना के अंतर्गत प्रथम, द्वितीय और तृतीय किस्त के वितरण में पाए गए अंतर को कम करने के लिए त्वरित कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने महाप्रबंधक को बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन पैकेज 2025 का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया ताकि जिले में बड़े निवेश और प्रत्यक्ष रोजगार के नए अवसर बन सकें।
श्रम संसाधन विभाग की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने श्रम अधीक्षक को कड़ा निर्देश दिया कि धावा दल गठित कर शहर के सभी होटलों, रेस्तरां, बस स्टैंडों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर सघन छापेमारी की जाए तथा बाल श्रमिकों को अविलंब मुक्त कराया जाए। वहीं डीआरसीसी के तहत बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना, मुख्यमंत्री स्वयं सहायता भत्ता और कुशल युवा कार्यक्रम (KYP) के लंबित आवेदनों का समयबद्ध व पारदर्शी निष्पादन सुनिश्चित करने का आदेश दिया गया, ताकि युवाओं को बिना किसी बाधा के योजनाओं का लाभ मिल सके।
